चमोली: चमोली जनपद में भालू-मानव संघर्ष रोकने को किया जा रहा वैज्ञानिक निरीक्षण–

by | Jan 2, 2026 | चमोली, ब्रेकिंग | 0 comments

भारतीय वन्यजीव संस्थान के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. सी रमेश ने किया वन्यजीव स्थलों का स्थलीय निरीक्षण, कई तथ्य जुटाए–

जोशीमठ, 02 जनवरी 2026: चमोली जनपद में मानव-भालू संघर्ष के वैज्ञानिक समाधान के लिए नंदा देवी राष्ट्रीय पार्क प्रशासल अब वैज्ञानिक निरीक्षण करवा रहा है। भारतीय वन्यजीव संस्थान के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. सी रमेश ने जोशीमठ में भालू प्रभावित क्षेत्रों का गहनता से निरीक्षण किया और तथ्य जुटाए।

प्रमुख वन संरक्षक एवं मुख्य वन्यजीव प्रतिपालक के निर्देश पर जोशीमठ क्षेत्र में मानव-भालू संघर्ष के प्रभावी व वैज्ञानिक समाधान के लिए यह निरीक्षण कराया जा रहा है। बृहस्पतिवार को नंदा देवी राष्ट्रीय पार्क के उप वन संरक्षक अभिमन्यु ने डॉ. सी रमेश क्षेत्र में भालू की वर्तमान स्थिति, पूर्व में हुर्ठ मानव-भालू संघर्ष की घटनाओं से अवगत कराया। साथ ही संवेदनशील क्षेत्रों की भी जानकारी दी। भालू संभावित व प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण भी किया गया।

उन्होंने नगर पालिका के प्रस्तावित कूड़ा निस्तारण स्थल का भी निरीक्षण किया। उन्होंने कूड़ा निस्तारण स्थलों पर वन्यजीवों की आवाजाही रोकने व मानव-भालू संघर्ष की संभवनाओं को न्यूनतम करने के लिए जरूरी दिशा निर्देश दिए।

बताया कि भारतीय वन्यजीव संस्थान का वैज्ञानिक दल पुन: क्षेत्र का भ्रमण करेगा। मानव-भालू संघर्ष की रोकथाम के लिए अल्पकालिक व दीर्घकालिक उपायों पर कार्ययोजना तैयार की जाएगी। इसमें आवास विकास, प्राकृतिक वनस्पति की पुनर्बहाली, सुरक्षा उपाय व सतत निगरानी व्यवस्था आदि शामिल रहेगा।

वैज्ञानिक डॉ. सी रमेश ने टीसीपी व्यू प्वाइंट के पास चुंगीधार क्षेत्र में वर्तमान कूड़ा निस्तारण स्थल का भी निरीक्षण किया। जिसमें पाया गया कि कूड़े की उपलब्धता के चलते भालू मानव आबादी की ओर आकर्षित हो रहा है। इससे जन सुरक्षा व वन्यजीव संरक्षण दोनों प्रभावित हो रहे हैं। कूड़ा निस्तारण बंद करने के बाद इस क्षेत्र को वैज्ञानिक पद्धति से भालू के प्राकृतिक आवास के रूप में विकसित करने व अन्य वैकल्पिक व्यवस्थाओं पर भी विचार विमर्श किया गया।

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