यहां महिला पुजारी करतीं हैं भगवान विष्णु का श्रृंगार, चमोली ‌जनपद में है यह दिव्य मंदिर-

by | Jul 15, 2021 | चमोली, धर्म | 0 comments

चमोली। चमोली जनपद के उर्गम घाटी में स्थित फ्यूंलानारायण मंदिर में महिला द्वारा भगवान विष्णु का श्रृंगार किया जाता है। शुक्रवार को विधि विधान से फ्यूंला नारायण मंदिर के कपाट श्रद्घालुओं के लिए खोल दिए जाएंगे।  ग्यारह हजार फीट की ऊंचाई पर जोशीमठ ब्लाक के कल्प क्षेत्र में स्थित है फ्यूंलानारायण का 500 वर्ष प्राचीन मंदिर। इस मंदिर की खासियत यह है कि मंदिर में विराजमान भगवान नारायण को तीनों पहर गाय के ताजे दूध व मक्खन का भोग लगाया जाता है। ग्रामीण प्रतिदिन अपने घरों से इस मंदिर में दूध व मक्खन अर्पित करते हैं। मान्यता है कि दूध व मक्खन भगवान नारायण को चढ़ाने से क्षेत्र में खुशहाली व समृद्धि मिलती है। खास बात यह है कि इस मंदिर के पुजारी भेंटा, भर्की, पिलखी, ग्वाणा, अरोसी के राजपूत होते हैं। प्रत्येक वर्ष एक गांव से पुजारी के लिए एक परिवार का नंबर लगाया जाता है। कपाट खुलने से लेकर बंद होने तक उसी परिवार का सदस्य इस मंदिर में पूजा करता है। महिला द्वारा भगवान फ्यूंला नारायण का फूलों से श्रृंगार किया जाता है। इस वर्ष भगवान फ्यूला नारायण की पूजा हरीश सिंह चौहान और श्रृंगार गोदांबरी देवी की ओर से की जाएगी। मंदिर को फ्यूलानारायण फ्रेंड्स क्लब के द्वारा फूलो से सजाया जा रहा है। इस दौरान मंदिर के आसपास सफाई अभियान भी किया गया।उर्गम घाटी में सिथित 10 हजार फिट ऊँचे उच्च हिमालयी बुग्याल में विराजित भगवान फूलनारायण के कपाट इस वर्ष शुक्रवार को खोल दिये जायेंगे। यहाँ पौराणिक काल से परम्परा रही है कि यहां पुजारी महिलाएं फ्यूलाण रूप में  भगवान का श्रृंगार फूलो से करती है।  भगवान फ्यूंला नारायण का मंदिर अत्यन्त रमणीक और मनमोहक है। मंदिर के कपाट खुलने पर भगवान श्री हरि नारायण के स्नान के बाद  पुष्पों से भव्य श्रृंगार किया जाता है। इससे पूर्व गाँव के लोग अपनी दुधारू गायों और अन्य पशुओ को लेकर फ्यूंला नारायण धाम पहुँच रहे हैं और इन्हीं दुधारू गायों के दूध और मक्खन का भगवान फ्यूला नारायण को नित्य भोग लगाया जाता है। स्थानीय निवासी उजागर फर्स्वाण का कहना है कि इस बार भगवान नारायण का श्रृंगार गोदांबरी देवी करेंगी। उन्होंने बताया कि भगवान के मंदिर को कपाट खुलने से पूर्व फूलो  से सजाया जा रहा है इसके साथ ही आसपास सफाई की जा रही है।फ्यूंला नारायण मंदिर के कपाट परंपरा के अनुसार  श्रवण संक्रांति को खुलते हैं व डेढ़ माह बाद नंदा अष्टमी को बंद कर दिए जाते हैं। भेटा,भर्की, गवाणा व अरोशी सहित उर्गम घाटी के दर्जनों गांवों के लोग व मंदिर में हक-हकूकधारी हैं। 

Latest News

चमोली: सुबोध प्रेम विद्या मंदिर इंटर कॉलेज गोपेश्वर का दो दिवसीय वार्षिकोत्सव समारोह शुरू–

छोलिया नृत्य और लोकगीतों की रही धूम, छात्र-छात्राओं ने दी पहाड़ी नृत्य की शानदार प्रस्तुति...

चमोली: जिलाधिकारी ने गैस एजेंसियों का औचक निरीक्षण कर घरेलु गैस उपलब्धता का लिया जायजा–

गैस वितरण प्रणाली को और अधिक सुव्यवस्थित बनाने हेतु आपूर्ति विभाग को रोस्टर प्रणाली को व्यवस्थित...

चिपको महोत्सव: अपर आयुक्त रहे स्वर्गीय हरक सिंह समेत छह लोगों को मिला गौरा देवी सम्मान–

रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ चिपको महोत्सव संपन्न, पुरस्कार वितरित हुए-- जोशीमठ, 27 मार्च...

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से की ​शिष्टाचार भेंट–

उत्तराखंड के विकास के लिए केंद्र सरकर द्वारा दिए जा रहे सहयोग व मार्गदर्शन के लिए जताया आभार...

हादसा: तेज रफ्तार बस अनियंत्रित होकर पलटी, एक सवार की मौत, आठ घायल–

चालक, परिचालक को भी लगी चोटें, कुमाऊं मोटर्स ओनर्स यूनियन की है बस, पुलिस व एसडीआरएफ की टीमों ने...

चमोली: कनोल गांव में इंटरमीडिएट विद्यालय खुलने के आसार बढ़े–

​शिक्षा निदेशालय में उच्च अ​धिकारियों से मिला गांव का प्रतिनि​धि मंडल, विद्यालय उच्चीकरण के...

चमोली: जन-जन की सरकार, चार साल बेमिसाल कार्यक्रम के तहत हुए वि​भिन्न कार्यक्रम–

पिछले तीन दिनों से आयोजित हो रहे कार्यक्रम, सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने जमाया रंग-- “जन-जन की सरकार, 4...

चमोली: पत्थर से फोड़ा भाई का सिर, अदालत ने दोषी पाते हुए एक साल की सजा सुनाई–

न्यायिक मजिस्ट्रेट सिविल जज (जूनियर डिविजन) थराली देवांश राठौर की अदालत ने सुनाया फैसला, पढ़ें पूरा...

चमाेली: पोखरी में पेयजल संकट पर फूटा गुस्सा, व्यापारियों ने किया प्रदर्शन–

लोगों ने कहा पानी आपूर्ति बा​धित होने से रोजमर्रा के कार्यों पर भी पड़ रहा प्रभाव, शीघ्र जलापूर्ति...
error: Content is protected !!