खुशियों भरे सफर में छा गई चिंता, गुम हो गए थे₹14 लाख के जेवर, पुलिस ने ढूंढकर दिए–
चमोली। शादी की खुशियों के बीच अगर लाखों रुपये के जेवरों से भरा बैग अचानक गुम हो जाए, तो परिवार पर क्या बीतेगी, इसका अंदाजा लगाना मुश्किल नहीं है। ऐसी ही परेशानी में घिरी दो महिलाओं के लिए चमोली पुलिस मददगार बनी। पुलिस ने न केवल उनकी शिकायत को गंभीरता से लिया, बल्कि देर रात तक लगातार प्रयास कर करीब 14 लाख रुपये के जेवरों से भरा बैग बरामद कर परिवार को बड़ी राहत पहुंचाई।
दिनांक 18 अक्टूबर 2026 को रामनगर, नैनीताल और लक्ष्मीनगर, नई दिल्ली निवासी दो महिलाएं अपने भाई की शादी में शामिल होने के लिए ज्योतिर्मठ जा रही थीं। दोनों सुबह रामनगर से अपनी गाड़ी में गैरसैंण पहुंचीं। इसके बाद टैक्सी से कर्णप्रयाग और फिर दूसरे वाहन से चमोली पहुंचीं। इसी सफर के दौरान उनका जेवरों से भरा पिट्ठू बैग कहीं छूट गया। बैग में करीब 14 लाख रुपये के कीमती जेवर थे। काफी तलाश के बाद भी जब बैग का पता नहीं चला, तो दोनों महिलाएं रात्रि करीब 7:30 बजे कोतवाली चमोली पहुंचीं और पुलिस को पूरी घटना बताई।
सूचना मिलते ही कोतवाली चमोली के वरिष्ठ उपनिरीक्षक विजय प्रकाश ने मामले को गंभीरता से लेते हुए बैग की तलाश शुरू कर दी। पुलिस ने कर्णप्रयाग क्षेत्र के सीसीटीवी कैमरों की मदद से संबंधित वाहन की पहचान की और उसके चालक से संपर्क साधा। रात करीब 10:30 बजे नारायणबगड़ के पास हरवंश गांव में वीडियो कॉल के माध्यम से वाहन की जांच कराई गई, लेकिन बैग वहां नहीं मिला।
इसके बाद भी पुलिस ने प्रयास जारी रखे। महिलाओं ने कर्णप्रयाग से चमोली तक जिस दूसरे वाहन में सफर किया था, उसकी जानकारी जुटाई गई और संबंधित वाहन का पता लगाया गया। पुलिस की लगातार मेहनत और सूझबूझ आखिरकार रंग लाई और रात करीब 1 बजे उस वाहन से जेवरों से भरा बैग बरामद कर लिया गया।
कीमती जेवर सुरक्षित मिलने की खबर से दोनों महिलाओं और उनके परिजनों ने राहत की सांस ली। जिस बैग के खोने से पूरा परिवार परेशान था, उसे चमोली पुलिस ने देर रात तक लगातार प्रयास कर खोज निकाला। महिलाओं और उनके परिवारजनों ने पुलिस की कार्यशैली, तत्परता और सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया।

