एसडीजीसंकेतकों की मॉनिटरिंग के साथ विजन-2047 लक्ष्यों की प्राप्ति हेतु बनाई गई रणनीति–
रुद्रप्रयाग, 26 फरवरी 2026: जनपद में सतत विकास लक्ष्यों (एसडीजी), पीएम गतिशक्ति एवं विजन-2047 के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में एक दिवसीय जनपद स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला की अध्यक्षता जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने की।
कार्यशाला में सीपीपीजीजी नियोजन विभाग एवं पीएम गतिशक्ति से जुड़े विषय विशेषज्ञों द्वारा अधिकारियों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
इसके साथ ही “विकसित उत्तराखंड विजन-2047” की अवधारणा पर विस्तार से जानकारी दी गई। बताया गया कि विकसित राज्य की परिकल्पना केवल आर्थिक वृद्धि तक सीमित नहीं है, बल्कि प्रत्येक नागरिक के लिए बेहतर जीवन स्तर, समग्र कल्याण, रोजगार सृजन, पर्यावरण संरक्षण और जलवायु-संवेदनशील अवसंरचना निर्माण इसका प्रमुख उद्देश्य है। तकनीक एवं कृत्रिम बुद्धिमत्ता के उपयोग से सुशासन और सेवा वितरण प्रणाली को मजबूत बनाने पर भी बल दिया गया।

विजन-2027 के अंतर्गत फाउंडेशन फेज की रणनीतियों एवं प्रमुख फोकस सेक्टर्स की जानकारी देते हुए जनपद स्तरीय विजन दस्तावेज तैयार करने हेतु आवश्यक डाटा संकलन एवं कार्ययोजना पर भी चर्चा की गई।
कार्यशाला में पीएम गतिशक्ति पोर्टल के संचालन एवं उपयोगिता पर भी प्रशिक्षण दिया गया। विशेषज्ञों ने बताया कि यह जीआईएस आधारित एकीकृत योजना एवं मॉनिटरिंग प्रणाली है, जो विभिन्न विभागों के बीच समन्वय स्थापित कर अवसंरचना विकास को गति प्रदान करती है।

कार्यशाला में सीपीपीजीजी विशेषज्ञ प्रियंका चौहान, पीएम गतिशक्ति विशेषज्ञ कैलाश रावत एवं तपन घोष, जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी संदीप भट्ट, मुख्य कृषि अधिकारी लोकेंद्र बिष्ट, मुख्य शिक्षा अधिकारी प्रमेन्द्र बिष्ट, खण्ड विकास अधिकारी ऊखीमठ अनुष्का, खण्ड विकास अधिकारी अगस्त्यमुनि सुरेश शाह, जिला कार्यक्रम अधिकारी अखिलेश मिश्रा, जिला समाज कल्याण अधिकारी टीआर मलेठा, जिला पर्यटन विकास अधिकारी राहुल चौबे सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे।


