तीन आरोति न्यायिक हिरासत में थे, जबकि एक का एम्स ऋषिकेश में चल रहा था उपचार, चारों को मिली जमानत–
गोपेश्वर, 27 जून 2026: कर्णप्रयाग में बीते 16 जून को निहंग और स्थानीय लोगों के बीच हुए विवाद में आरोपित चारों निहंग सिख श्रद्धालुओं को जिला एवं सत्र न्यायाधीश चमोली की अदालत ने जमानत दे दी है। शनिवार को निहंगों की ओर से बचाव पक्ष के अधिवक्ता मोहन पंत के साथ अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कर्णप्रयाग की अदालत में बेल बॉडदाखिल किए गए। जिसके बाद देर शाम साढ़े सात बजे जिला कारागार पुरसाड़ी से उन्हें रिहा कर दिया गया। इस दौरान चमोली के जिलाधिकारी गौरव कुमार और पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार भी मौके पर पहुंचे हुए थे। पुलिस अभिरक्षा में निहंंगों को रिहा किया गया। निहंगों के जमानत पर रिहा होने से उत्तराखंड शासन-प्रशासन ने राहत की सांस ली है। जबकि पिछले कुछ दिनों से चल रही विवाद की स्थिति भी सामान्य हो गई है।
बता दें कि सतविंदर सिंह, अजय सिंंह, जसप्रीत सिंह न्यायिक हिरासत में जिला कारागार पुरसाड़ी में थे, जबकि घायल आरोपी मनप्रीत सिंह एम्स ऋषिकेश में पुलिस की निगरानी में उपचाराधीन था।
गौरतलब है कि हेमकुंड साहिब की तीर्थयात्रा पर जा रहे चर निहंगों का 16 जून को कर्णप्रयाग में वाहन पार्किंग को लेकर स्थानीय होटल संचालक से विवाद हो गया था। आरोप है कि निहगों ने स्थानीय लोगों पर तलवारों से हमला कर दिया। इससे चार लोगों को चोटें आई। इस मामले में पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर चारों निहंगों को गिरफ्तार कर लिया था। इस मामले में पुलिस ने दूसरे पक्ष के विरुद्ध भी मुकदमा किया है।

