बदरीनाथ मंदिर सिंहद्वार के बाहर धरना-प्रदर्शन कर की नारेबाजी, श्रीबदरीश पंचायत और बीकेटीसी सदस्यों ने दिया समर्थन–
बदरीनाथ। बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) के अस्थायी कर्मचारियों ने वन टाइम सेटलमेंट और समान कार्य के लिए समान वेतन की मांग को लेकर आंदोलन शुरू कर दिया है। बुधवार को कर्मचारियों ने बदरीनाथ मंदिर के सिंहद्वार के बाहर धरना-प्रदर्शन कर नारेबाजी की। उन्होंने मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने का एलान किया।
पूर्वाह्न 11 बजे मंदिर परिसर में एकत्र हुए कर्मचारियों ने हाथों में मांगों के समर्थन में लिखी तख्तियां लेकर धरना दिया। कर्मचारियों ने कहा कि वे पिछले 15 से 20 वर्षों से बदरीनाथ, केदारनाथ और समिति के अधीनस्थ अन्य मंदिरों में सेवाएं दे रहे हैं। इसके बावजूद उनकी मांगों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है।

कर्मचारियों के मुताबिक, केदारनाथ विधानसभा उपचुनाव के दौरान 11 अक्तूबर 2024 को अगस्त्यमुनि में मुख्यमंत्री ने अस्थायी कर्मचारियों के लिए वन टाइम सेटलमेंट और समान कार्य के लिए समान वेतन की व्यवस्था लागू करने की घोषणा की थी। इसके बावजूद अब तक इस पर अमल नहीं हुआ है। इससे कर्मचारियों में नाराजगी है।
आंदोलन को श्री बदरीश पंडा पंचायत के अध्यक्ष प्रवीण ध्यानी, बीकेटीसी सदस्य धीरज मोनू पंचभैया और रजनीश भट्ट तथा पंडा पंचायत के उपाध्यक्ष सुधाकर बाबुलकर ने समर्थन दिया।
इस मौके पर रतनेश पंवार, संतोष पंत, अमरीश, कृष्णा, सतेंद्र सिंह, अमित बंदोलिया, शंभू प्रसाद, जगत सिंह, सतीश चंद्र, योगिता चौहान, दिलवर सिंह, अपर्णा, रमेश सिंह, हरीश सिंह, महावीर सिंह, सतेंद्र सिंह बिष्ट, दिनेश कोठियाल, दर्शन सिंह और मुकेश किमोठी सहित अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।

