पांडव लीला में गैंडा वध का हुआ मंचन, दर्शकों का उमड़ा हुजूम–

by | Dec 31, 2021 | आस्था, चमोली | 0 comments

पाखी गरुड़गांव गांव में नौ दिनों से चल रही पांडव लीला का अंतिम दिन–

पीपलकोटी। बदरीनाथ धाम के प्रवेश द्वार पाखी गरूड गंगा में आयोजित पांडव लीला में गेंडा वध का मंचन किया गया। सदियों से पहाडों में पांडवों के प्रति स्नेह और प्रेम रहा है। यही कारण है कि यहां पर प्रत्येक वर्ष ग्रामीण क्षेत्रों में पांडवों की याद में पांडव लीला का आयोजन किया जाता है। पाखी गरूडगंगा में पांडव नृत्य के आखिरी दिन गेंडा वध का आयोजन किया गया जिसको देखने के लिये पूरे पैनखंडा के अलावा बंड पट्टी व दशोली के लोग उमड़ पहुंचे थे। मान्यता है कि पांडवों को अपने पित्रों के तर्पण के लिए गेंडे की खगोती की जरूरत होती है तो धर्नुधर अर्जुन हाथी में बैठकर श्रीकृष्ण भगवान के मार्गदर्शन में नागलोक में जाकर गेंडे का वध करते है। गुरूवार को पांडव गरूड़गंगा नदी के तट पर स्नान कर अपने पित्रों को तर्पण देने के साथ ही अपने अस्त्र-शस्त्रों को पवित्र गंगा का जलाभिषेक करने के साथ ही लीला का समापन हो जायेगा। ग्राम सभा पाखी गरूडगंगा पांडव नृत्य समिति के अध्यक्ष सुनील बिष्ट नें कहा कि गुरूवार को जलजात्रा व शुक्रवार को ध्याणियों व अतिथियों के साथ ही ग्रामवासियों को भोज का आयोजन किया जायेगा।
                               अर्जुन ने नागलोक में जाकर किया गैंडा वध ————- पांडवों को पित्रों के तर्पण के गैंडे के सींग की जरूरत होती है। वीर अर्जुन नागलोग में जाकर गैंडा वध कर उसका सींग हासिल करते हैं, लेकिन इसके लिए अर्जुन को नागार्जुन से युद्ध करना होता है। यह दृश्य बुधवार को पांखी गांव की पांडव लीला में दर्शकों ने देखा। अर्जुन, नागार्जुन को हराकर गैंडे का सींग प्राप्त करते हैं।
बुधवार को पाखी गांव की पारंपरिक पांडव लीला गैंडा वध के साथ संपन्न हो गई। गांव के पंचायत चौक में होने वाले इस आयोजन का अपना महत्व है, लेकिन इस बार तीन साल बाद पांडव नृत्य आयोजित हुआ। नौ दिन व नौ रातों तक चली पांडव लीला में पांडवों के जीवन पर आधारित विभिन्न घटनाओं का वृतांत नृत्य के माध्यम से प्रदर्शित किया गया। लीला में गैंडा वध विशेष रूप से आकर्षण का केंद्र रहा। गैंडा वध का दृश्य को देखने के लिए पैनखंडा घाटी के अलावा बंड घाटी के दर्जनों गांवों के ग्रामीण पहुंचे थे। मान्यता है कि पांडवों को अपने पित्रों का तर्पण करने के लिए गैंडे के सींग (खगोती) की जरूरत होती है। वीर अर्जुन नागलोक में जाकर गैंडे का वध करते हैं। पांडव लीला के समापन पर गांव में भोज भी आयोजित किया जाएगा 1पांडव नृत्य व गैंडा वध देखने के लिए सैकड़ों श्रद्धालु पाखी गांव पहुंचे। पाखी गांव में वैसे तो हरवर्ष पारंपरिक पांडव लीला आयोजित की जाती है।

Latest News

हक की लड़ाई: राष्ट्रीय पुरानी पेंशन बहाली संयुक्त मोर्चा ने भरी हुंकार, कांग्रेस प्रदेश प्रभारी से मिले–

पुरानी पेंशन बहाली संयुक्त मोर्चा के पदा​धिकारियों ने पेंशन हुंकार रैली के लिए किया व्यापक...

चमोली: कांग्रेस संगठन में सक्रिय कार्यकर्ताओं को दी जाएगी तरजीत, कांग्रेस का संगठनात्मक विस्तार जल्द–

गोपेश्वर में बोलीं कांग्रेस की प्रदेश प्रभारी कुमारी सैलजा, संगठन का गुटबाजी से दूर रखने का आह्वान...

जय बदरीनाथ: राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह ने किए बदरीनाथ भगवान के दर्शन–

राज्यपाल ने कहा, उत्तराखंड में बेहतर ढंग से संचालित हो रही चारधाम यात्रा-- गोपेश्वर, 09 मई 2026:...

चमोली: जनगणना कार्य में तेजी लाएं, समयबद्ध लक्ष्य हर हाल में पूरा करें : जिलाधिकारी–

जिला प्रशासन ने 24 मई तक रखा है जनगणना कार्य पूर्ण करने का लक्ष्य, कार्य में तेजी लाने के निर्देश...

चमाेली: गम्भीर रूप से बीमार युवक को हेली एंबुलेंस से एम्स किया रेफर–

मरीज को गंभीर ​स्थिति में परिजन लाए जिला अस्पताल, प्राथमिक उपचार के बाद भेजा हायर सेंटर-- गोपेश्वर...

चमाेली: लापरवाही बरतने पर स्टोन क्रशर किया सीज–

खनन संचालन के नियमों का कड़ाई से पालन करने के दिये खनन अ​धिकारियों ने निर्देश-- चमाेली, 05 मई 2026:...

चमोली: प्रशासन और टीएचडीसी अ​धिकारियों की बैठक में गरजे नागपुर बंड क्षेत्र के परियोजना प्रभावित, जनांदोलन की दी चेतावनी–

समस्याओं के समाधान को टीएचडीसी ने मांगा 15 दिन का समय, नियत समय में समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो...

पश्चिम बंगाल में जीत पर बदरीनाथ और केदारनाथ धाम में विशेष पूजा, गोपेश्वर-जोशीमठ में जश्न–

बदरीनाथ में प्रधानमंत्री के नाम की विशेष पूजा, उत्साहित कार्यकर्ताओं ने की आतिशबाजी...

चमाेली: निजमुला घाटी के भनाली तोक में आकाशीय बिजली गिरने से 500 बकरियों की मौत–

एक झटके में उजड़ गया भेड़पालकों का सहारा, बारिश के बीच हुआ हादसा, क्षेत्र में मचा हड़कंप-- चमोली, 04...
error: Content is protected !!