जिलाधिकारी ने अधिकारियों के साथ बैठक कर इसके लिए अभियान चलाने के दिए निर्देश–
गोपेश्वर, 09 अप्रैल 2026: जिलाधिकारी गौरव कुमार ने बदरीनाथ धाम व यात्रा मार्ग को प्लास्टिक मुक्त करने के लिए प्रभावी ढंग से अभियान चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने इस अभियान को जन आंदोलन का स्वरूप देने पर विशेष जोर दिया।
जिलाधिकारी ने बदरीनाथ धाम व यात्रा मार्ग को स्वच्छ, सुंदर व प्लास्टिक मुक्त बनाने को लेकर समीक्षा बैठक की। उन्होंने रिसाइकिल कंपनी के कार्मिकों को निर्देश दिए कि इसके लिए व्यापक स्तर पर प्रचार-प्रसार किया जाए। एसडीएम ज्योतिर्मठ चंद्रशेखर वशिष्ट ने बताया कि बदरीनाथ धाम व यात्रा मार्ग को प्लास्टिक मुक्त बनाने के लिए जिला प्रशासन व रिसाइकिल कंपनी के साथ अनुबंध किया गया है।
प्लास्टिक बोतल पेय पदार्थों के थोक विक्रेताओं, दुकानदारों, होटल व रेस्टोरेंट संचालकों से समन्वय स्थापित करें। कंपनी के प्रबंधक को अधिशासी अधिकारी के साथ समन्वय बनाकर अभियान को प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए।
डीएम ने सभी से अपील की है कि वे प्लास्टिक मुक्त बदरीनाथ धाम के संकल्प को सफल बनाने में सहयोग प्रदान करें। प्लास्टिक का न्यूनतम प्रयोग करें व उपयोग के बाद निर्धारित काउंटरों पर जमा कर पर्यावरण संरक्षण में अपनी भूमिका निभाएं।
बैठक में सीडीओ डॉ. अभिषेक त्रिपाठी व वर्चुअली ज्योतिर्मठ एसडीएम, ईओ बदरीनाथ और कंपनी के प्रतिनिधि मौजूद रहे। इधर, रिसाइकिल कंपनी के प्रतिनिधि रोहित जोशी ने बताया कि प्लास्टिक बोतलों पर क्यूआर कोड प्रणाली लागू की गई है। बताया कि फास्ट फूड, बिस्किट व चिप्स के पैकेटों पर भी क्यूआर कोड लगाने का प्रस्ताव है। बदरीनाथ धाम में पिछले साल आठ रिसाइकिल सेंटर थे इस साल इनकी संख्या बढ़ाई जाएगी।
कंपनी के 60 कर्मियों को इसमें तैनात किया जाएगा। कहा कि गोविंदघाट, बदरीनाथ व माणा में प्लास्टिक पेय थोक विक्रेताओं, दुकानदारों, होटल व रेस्टोरेंट संचालकों को न्यूनतम दस रुपये के क्यूआर कोड उपलब्ध कराए जाएंगे। इन क्षेत्रों में डिपॉजिट रिफंड काउंटर स्थापित किए जाएंगे। इन जगह से यात्री क्यूआर कोड युक्त खाली बोतल जमा कर निर्धारित धनराशि वापस पा सकेंगे।


