21 गांवों का भ्रमण करेगी मां नंदा की डोली, नीती घाटी के गांवों में यात्रा को लेकर बना उत्साह–
जोशीमठः संपूर्ण नीती घाटी नंदामयी हो गई है। मंगलवार को लाता सिद्घपीठ चौसठमुखी मां नंदा की दिवारा यात्रा शुरू हो गई है। बारह वर्ष बाद मां नंदा की दिवारा यात्रा शुरू हुई है। 30 सितंबर तक माता की डोली घाटी के 21 गांवों का भ्रमण कर अपने भक्तों की कुशलक्षेम पूछेगी। इस दौरान भोटिया जनजाति की महिलाओं ने झुमेलो और दांकुड़ी नृत्य कर मां नंदा के जागर गाए। माता की डोली रात्रि प्रवास के लिए तोलमा गांव पहुंच गई है।यहां रातभर मां नंदा के अखंड जागर गाए जाएंगे।
मंगलवार को सुबह पांच बजे से ही चौसठ मुखी मां नंदा की विशेष पूजाएं आयोजित हुई। सुबह सात से 11 बजे तक मां नंदा की वैदिक पूजाएं संपन्न हुई। लाता गांव में सोमवार से ही भक्तों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया था।
अपनी आराध्य देवी के दर्शनों को प्रवासी ग्रामीण भी अपने गांवों में पहुंचे हुए हैं। दूरस्थ जेलम, मलारी और नीती गांव में माता की डोली दो दिनों तक प्रवास करेगी। नंदा देवी दिवारा समिति के अध्यक्ष डा. मान सिंंह राणा और लक्ष्मण बुटोला ने बताया कि दिवारा यात्रा को लेकर भक्तों में उत्साह बना है। इस मौके पर नीती-माणा समिति के अध्यक्ष डा. यूएस रावत, पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य धीरेंद्र गरोड़िया, सुपिया राणा, नरेंद्र रावत, ठाकुर सिंह राणा, प्रेम सिंह रावत, धमेंद्र पाल, रमेश राणा, नंदन सिंंह खाती, एसएस पाल, ग्राम प्रधान लक्ष्मण बुटोला, लक्ष्मण सिंह रावत, पुष्कर सिंह राणा, लाता प्रधान सरिता देवी आदि मौजूद रहे।

