अब इतिहास रचने जा रही 13 साल की काम्या, चमोली में त्रिशूल चोटी की फतह के लिए निकली, पढ़ें कौन है काम्या–

by | Sep 24, 2021 | चमोली, साहसिक यात्रा | 0 comments

 

चमोली। 12 वर्ष की उम्र में 1 फरवरी 2020 को दक्षिण अफ्रिका की सबसे ऊंची चोटी माउंट एकांकागुआ को फतह करने के बाद अब काम्या चमोली जनपद के ‌त्रिशूल चोटी की फतह के लिए निकल गई है। काम्या के साथ उसके पिता एस कार्तिकेयन भी ट्रेकिंग कर रहे हैं। काम्या अब इतिहास रचने जा रही है। काम्या अभी तक देश की कई माउंट चोटियों को फतह करने का गौरव हासिल कर चुकी है। इसी साल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने काम्या को राष्ट्रीय बाल पुरस्कार से भी सम्मानित किया है। मुंबई की रहने वाली काम्या को ट्रेकिंग का शौक है। काम्या महिलाओं और युवतियों की आईकॉन बनना चाहती है। चमोली जनपद में त्रिशूल चोटी 7120 मीटर की ऊंचाई पर स्थित है। काम्या के पिता एस कार्तिकेयन भारतीय नोसेना में कमांडर हैं। बृहस्पतिवार को काम्या जिले के सुतोल गांव से त्रिशूल चोटी के लिए प्रस्थान कर चुकी है। यह करीब एक सप्ताह का ट्रेक है। 15 किलोमीटर के ट्रेक को पार कर काम्या और उसके साथ चल रहा दस सदस्यीय दल लाता कोपड़ी बुग्याल पहुंच गया है। बता दें कि अभी तक सेना, आईटीबीपी और विदेशी पर्यटकों के दल भी त्रिशूल चोटी को फतह कर चुके हैं। वर्ष 2019 में विदेशी पर्वतारोहियों के दल में से एक पर्वतारोही गायब हो गया था, त‌ब त्रिशूल के बेस कैंप में एवलांच टूटने से पर्वतारोही बिछुड़ गए थे। 

Latest News

चमोली: राजीव गांधी गौरव अवार्ड से सम्मानित हुए मानवा​धिकारएसो​सिएशन के जिलाध्यक्ष डॉ. जसवंत लाल–

अंतरराष्ट्रीय समरसता मंच की ओर से नई दिल्ली में किया गया सम्मानित-- गोपेश्वर। अंतरराष्ट्रीय समरसता...

चमोली:एसआईआर अभियान में 63,247 नोटिस वितरित, 633 में से 573 मतदेय स्थलों पर दावे-आपत्तियों की सुनवाई पूरी–

जिलाधिकारी ने प्रेस वार्ता कर एसआईआर की प्रगति की दी जानकारी, प्रेस प्रतिनिधियों के सवालों के दिए...

चमोली: श्रम कार्ड निर्माण में तेजी लाने के निर्देश, एक माह में सभी पात्र श्रमिकों के कार्ड बनाने का लक्ष्य–

जिला​धिकारी गौरव कुमार ने ली अ​धिकारियों की बैठक, श्रमअ​धिकारी को दिए गए कड़े निर्देश-- गोपेश्वर।...

चमोली: नौ साल बाद दिवारा यात्रा पर निकलीं मां इंद्रामति भगवती, चटोली गांव में हुआ भव्य स्वागत–

रक्षा बंधन पर बदरीनाथ धाम पहुंचेगी माता की डोली, गांव-गांव में हो रहे विशेष पूजा-अनुष्ठान...

चमोली: बारिश से 13 ग्रामीण सड़कें बाधित, लोग लंबी दूरी तक पैदल कर रहे आवाजाही–

गोपेश्वर-घिंघराण और नंदप्रयाग-देवखाल सड़कबा​धित होने से छात्र-छात्राओं और ​शिक्षकों को आने-जाने में...

चमोली: दूरस्थ 25 हिमाच्छादित गांवों में जनगणना की दूसरे चरण की प्रक्रिया शुरू, अब स्व-गणना होगी–

17 से 31 अगस्त तक होगी स्व-गणना, एक सितंबर से घर-घर पहुंचेंगे प्रगणक, पढ़ें, कैसे करें स्व गणना...

चमोली: टनल हादसे से टीएचडीसी को हुआ 11.50 करोड़ रुपये का नुकसान–

सात दिन बाद फिर से शुरू हुआ परियोजना का काम, जांच पूरी होने तक बंद रहेगी हादसे वाली टनल-- पीपलकोटी...

चमोली: जिंदगी की जंग हार गया नवजात, 15 दिन बाद थमीं सासेें–

रांगतोली गांव के एक गौशाला के पास लावारिस हालत में मिला था नवजात, मुंह में ठूंसा था रबड़-- गोपेश्वर...

चमोली: मानव उत्थान सेवा समिति ने केंद्रीय विद्यालय गोपेश्वर परिसर में रोपे फलदार व देवदार के पौधे–

वि​धिक सेवा प्रा​धिकरण का भी रहा सहयोग, सिविल जज और समिति की सदस्यत महात्मा भगवती बाई जी रहीं...
error: Content is protected !!